Sunday, 30 Aug 2026
कविता संग्रह

एक छोटी कहानी

१- सड़क पर जाते हुए अचानक मेरे हृदय में एक लहर सी दौड़ी | उसकी नजरें देख रही थी मुझे | मै भी सहमा हुआ, कभी देखूं उसे, कभी अपने परछाई को मेरे आँखों की चंचलता मेरे लड़खड़ाते कदम सब उसे कुछ बता देते थे | २- वह भी कुछ सहमी हुई शायद डरती थी कि कोई देख न ले उसके इस…

१- सड़क पर जाते हुए

  अचानक

  मेरे हृदय में एक लहर सी दौड़ी |

  उसकी नजरें देख रही थी मुझे |

  मै भी सहमा हुआ,

  कभी देखूं उसे,

  कभी अपने परछाई को

  मेरे आँखों की चंचलता

  मेरे लड़खड़ाते कदम

  सब उसे कुछ बता देते थे |

२- वह भी कुछ सहमी हुई

  शायद डरती थी कि

  कोई देख न ले

  उसके इस भावना को

  अपने निःशब्द वाणी को,

  छिपाते हुए

  अपने अंगों के भावों को,

  छिपाते हुए

  लगती थी जैसे,

  कोई नाचती अप्सरा |

३- हम दोनों की गति,

  एक सी हो गयी,

  हम मुड़े,

  एक दुसरे के तरफ,

  एक आकर्षण,

  एक जादू,

  एक नशा,

  प्यार का |

  हम करीब पहुचे

  एक दुसरे के,

  फिर हम मुद चले

  अलग दिशाओं में,

  शायद,

  हममे,

  प्यार के इजहार की,

  शक्ति नही थी |

४ -गुम हो जाती हैं कितनी

  प्यार की कहानियां,

  सहते रहते हैं जीवन भर

  तन्हाई की परेशानियाँ,

  सोचते हैं –

  हम कुछ न कह सके,

  वो हमसे कुछ न बताये,

  जबकि हम दोनों ने देखे थे

  एक दुसर में,

  प्यार की परछाईयाँ |

  फिर भी,

  कुछ न कह सके,

  और गुम होगई,

  तेरे मेरे प्यार की,

  एक छोटी कहानी |

D
Written by

Durgesh Kumar Singh